Premabase · Laghu-siddhānta-kaumudī · Prakaraṇa 12
Show
VṛttiGovind
LSK 411
उत्वविधायकं विधिसूत्रम्
एरुः
Aṣṭādhyāyī 3.4.86
Vṛtti Varadarājācārya

लोट इकारस्य उ:। भवतु।

Hindi commentary Govind Prasad Sharma · śrīdhara-mukhollāsinī

४११- एरु:। ए: षष्ठ्यन्तम्, उ: प्रथमान्तं, द्विपदमिदं सूत्रम्। इस सूत्र में लोटो लङ्वत् से लोट: की अनुवृत्ति आती है।

लोट् लकार सम्बन्धी इकार के स्थान पर उकार आदेश होता है।

लोट् लकार में जो भी इकार मिलेगा, उसके स्थान पर यह सूत्र उकार-आदेश करता है।